नितिन गुप्ता/प्रणव
The Biharijanseva : राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और दूरसंचार विभाग द्वारा 2 मई को पूरे भारत में करोड़ मोबाइल में एक साथ डिजास्टर अलर्ट सिस्टम टेस्ट किया गया जिसमें करोड़ों लोगों के मोबाइल पर एक अलर्ट का संदेश भेजो गया इसका यह उद्देश्य था कि भारत में किसी आपदा के समय में भारत के सभी नागरिकों को सावधान तथा सुरक्षित करने के लिए अलर्ट का संदेश भेजा जा सकता है इस सिस्टम को दूर संचार विभाग ने नेशनल डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी के साथ मिलकर तैयार किया है इसका उद्देश्य आपातकाल की स्थिति में लोगों को एक साथ अलर्ट करना है पहले भी भारत में इस प्रकार के सिस्टम को टेस्ट किया जा चुका है। सरकार ने सिस्टम को लेकर 1 मई को ही लोगों में जानकारी शेयर की गई थी तथा इस सरकार ने इस सिस्टम का नाम नेशनल डिजास्टर अलर्ट पोर्टल रखा इसके द्वारा भेजे गए संदेश प्राप्त होने पर किसी कार्रवाई की आवश्यकता नहीं है लोग इसे घबराए नहीं यह एक सरकार की योजना है कल समय में जिसमें आपातकाल समय में लोगों को एक साथ डिजास्टर अलर्ट सिस्टम द्वारा सूचित किया जा सके ताकि भविष्य में आपातकाल के समय लोगों में मदद के लिए अलर्ट संदेश भेजा जा सके इसका ट्रायल राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और दूरसंचार विभाग में एक साथ मिलकर किया है यह लोगों को आपदा जैसे भूकंप, बाढ़ सुनामी आतंकवादी गतिविधियो तथा मौसम विभाग के अलर्ट की जानकारी दे सके जिसे लोग सचेत रहेंगे और जान माल की क्षति कम हो सके यह सिस्टम भारत के 28 राज्यों सहित केंद्र शासित प्रदेशों में एक्टिव किया गया जिसमें यूजर्स के मोबाइल पर एसएमएस द्वारा आपदा से जुड़ी अलर्ट भेजी गई जिसमें लोगों के फोन में आपदा से संबंधित अलर्ट के तेज सायरन के साथ एक एसएमएस लोगों के फोन पर आया यह सिस्टम कामन अलर्टिंग प्रोटोकॉल पर आधारित इंटरनेशनल टेलीकॉम यूनियन द्वारा सुझाया हुआ है इस सिस्टम को इस प्रकार तैयार किया गया है कि जहां पर आपदा आने वाली होगी केवल वही के लोगों के पास अलर्ट का संदेश भेजा जा सकेगा इस सिस्टम में सेल ब्रॉडकास्ट टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल किया गया है जिससे एक ही समय में सभी के पास अलर्ट का संदेश भेजा जा सकता है।

