ग्वालपाड़ा (मधेपुरा) – प्रखंड के विरगांव चतरा पंचायत स्थित राम हंस प्लस टू विद्यालय चतरा में 27 जून को अजय कुमार सिन्हा को प्रभारी प्रधानाध्यापक का प्रभार देने का पत्र मिला। यह पत्र विद्यालय के बड़ा बाबू फुलेशवर पासवान ने कुमार विकास चन्द्र को भी दिखाया। इसके बाद से स्कूल में तनाव और दबंगई का माहौल बन गया।
माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी ने अजय कुमार सिन्हा को प्रभारी प्रधानाध्यापक बनाने का आदेश जारी किया। इसके बावजूद नियोजित शिक्षक कुमार विकास चन्द्र ने आदेश मानने से इनकार कर दिया। स्कूल में राजनीति का माहौल बन गया है। आशंका है कि विद्यालय की राशि और सामग्री में गड़बड़ी की गई है। इसी कारण कुमार विकास चन्द्र प्रभार नहीं सौंप रहे हैं।
बड़े अधिकारियों के आदेश को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है। यह मनमानी और दबंगई को दिखाता है। बीते दिनों शिक्षा कोष पोर्टल पर अजय कुमार सिन्हा को विद्यालय का एमडीएम प्रभारी बनाया गया था। लेकिन 3 जुलाई को कुछ कर्मियों की मिलीभगत और पैसे के लालच में उनका मोबाइल नंबर 9534316715 पोर्टल से हटा दिया गया।
इसकी जांच की मांग की गई है। दोषी कर्मियों पर कार्रवाई और अजय कुमार सिन्हा को फिर से एमडीएम प्रभारी बनाने की मांग की गई है। स्कूल में स्थानीय होने का घमंड दिखाकर कुछ लोग मनमानी कर रहे हैं।
प्रभारी प्रधानाध्यापक अजय कुमार सिन्हा का कहना है ।की दो सप्ताह से अधिक दिन पूर्व ही पत्र मिला था प्रधानाध्यापक कुमार विकास चंद्र के द्वारा प्रभार नहीं दिया गया ।
प्रधानाध्यापक कुमार विकास चन्द्र का कहना है कि जहां से यह लेटर प्राप्त हुआ है हम उस से आगे देख लेते हैं उसके बाद कोई कार्रवाई करेंगे
